
GST R-3B में लॉकिंग से पहले GST R-1A में सुधार जरूरी : नई एडवाइजरी जारी
सूरत।हाल ही में जीएसटी पोर्टल द्वारा व्यापारियों के लिए एक महत्वपूर्ण एडवाइजरी जारी की गई है, जिसमें कहा गया है कि कंपोजीशन डीलर या इंटर-स्टेट अनरजिस्टर्ड व्यक्ति को सप्लाई करने वाले व्यापारियों को जीएसटी रिटर्न भरते समय विशेष सतर्कता बरतनी होगी। पोर्टल के अनुसार यदि कोई व्यापारी जीएसटी आर-1 में किसी बिल की गलत राशि दर्ज करता है तो अब उस गलती को सुधारने का एकमात्र विकल्प GST R-1A रहेगा।
एडवाइजरी में बताया गया है कि GST R-1 में भरी गई जानकारी सीधे GST R-3B में ऑटो पॉप्युलेट होगी, जिसे बदला नहीं जा सकेगा। इसलिए यदि किसी बिल में त्रुटि हो जाए तो जीएसटी आर-3बी रिटर्न फाइल करने से पहले ही उस बिल को GST R-1A के माध्यम से सुधारना अनिवार्य होगा। जीएसटी पोर्टल पर यह सुविधा रिटर्न फाइलिंग के दौरान उपलब्ध रहेगी।
एडवाइजरी में यह भी स्पष्ट किया गया है कि यदि व्यापारी GST R-1A में समय रहते सुधार नहीं करता है तो उसे अगले माह की GST R-1 में संशोधन (एमेंडमेंट) के जरिए ही गलती सुधारनी होगी। इसलिए व्यापारियों को रिटर्न भरते समय विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है ताकि GST R-3B में लॉक हो चुके डेटा के कारण बाद में कोई परेशानी न हो।
टैक्स सलाहकार नारायण शर्मा ने व्यापारियों को सलाह दी है कि वे हर बिल भरते समय ध्यान रखें और त्रुटि होने की स्थिति में समय रहते GST R-1A का उपयोग कर संशोधन पूरा कर लें ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की टैक्स जटिलता या नोटिस से बचा जा सके।




