
सूरत, 13 जून। ICAI की MSME एवं स्टार्ट-अप समिति के तत्वावधान में सूरत ब्रांच द्वारा आयोजित नेशनल कॉन्फ्रेंस 2026 “अतुल्य भारत 2047 : विजनरी भारत, विकसित भारत” का भव्य समापन गुजरात के नायब मुख्यमंत्री हर्ष संघवी की गरिमामयी उपस्थिति में हुआ। दो दिवसीय इस राष्ट्रीय सम्मेलन में देशभर से 1500 से अधिक चार्टर्ड अकाउंटेंट्स, उद्योग जगत के प्रतिनिधि, उद्यमी और पेशेवर विशेषज्ञों ने भाग लिया।
अपने संबोधन में नायब मुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने वर्ष 2047 तक भारत को प्रगतिशील, आत्मनिर्भर और विकसित राष्ट्र बनाने के विजन को साझा करते हुए कहा कि चार्टर्ड अकाउंटेंट्स देश की विकास यात्रा के महत्वपूर्ण भागीदार हैं। सुशासन को मजबूत बनाने, पारदर्शिता बढ़ाने, उद्यमिता को प्रोत्साहन देने और आर्थिक विकास को गति प्रदान करने में उनकी भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने ICAI और सूरत ब्रांच द्वारा किए जा रहे प्रयासों की सराहना भी की।
सम्मेलन के दूसरे दिन भविष्य की पेशेवर क्षमताओं और उभरते अवसरों पर आधारित कई ज्ञानवर्धक तकनीकी सत्र आयोजित किए गए। प्रारंभिक सत्र में प्रो. योगी कोछर ने ‘T-AI-nance’ विषय पर वित्तीय क्षेत्र में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के बढ़ते प्रभाव, ऑटोमेशन, नवाचार, नई संभावनाओं और पेशेवरों की भविष्य की तैयारियों पर विस्तार से प्रकाश डाला।
इसके बाद सीए जय छेरा ने ‘वर्ल्ड विदाउट वॉल्स’ विषय पर वैश्वीकरण और बदलते व्यावसायिक परिवेश के संदर्भ में महत्वपूर्ण मार्गदर्शन दिया। वहीं, प्रसिद्ध उद्यमी अश्नीर ग्रोवर ने अपने अनुभव साझा करते हुए स्टार्ट-अप फंडिंग, व्यवसाय विस्तार, नेतृत्व क्षमता, संपत्ति निर्माण, निर्णय लेने की योग्यता और प्रतिस्पर्धी दौर में सफल उद्यम खड़ा करने के लिए आवश्यक सोच एवं दृष्टिकोण पर व्यावहारिक सुझाव दिए।
सम्मेलन के दौरान हुए विचार-विमर्श और ज्ञान के आदान-प्रदान ने “विकसित भारत 2047” के निर्माण में चार्टर्ड अकाउंटेंसी पेशे की महत्वपूर्ण भूमिका को और अधिक मजबूत किया। सफलतापूर्वक संपन्न हुए इस सम्मेलन से लौटे प्रतिनिधियों ने नई दृष्टि, व्यावहारिक ज्ञान, पेशेवर उत्कृष्टता, नवाचार और राष्ट्र निर्माण के प्रति नई प्रतिबद्धता का संकल्प व्यक्त किया।




