सूरत के सचिन में केमिकल वेयरहाउस में भीषण आग और धमाके: 30 से अधिक विस्फोट, 4 घंटे बाद काबु
एथर कंपनी के गोदाम से शुरू हुई आग चार औद्योगिक इकाइयों तक फैली, 20 से अधिक फायर ब्रिगेड की गाड़ियां मौके पर; 1 किमी क्षेत्र पुलिस ने किया सील

सूरत।सूरत के सचिन होजीवाला इंडस्ट्रियल कंपाउंड में बुधवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई जब एक केमिकल कंपनी के वेयरहाउस में अचानक भीषण आग लग गई। आग इतनी भयावह थी कि कुछ ही देर में केमिकल से भरे ड्रम फटने लगे और एक के बाद एक करीब 30 से अधिक धमाके सुनाई दिए। धमाकों की आवाज दूर-दूर तक सुनाई देने लगी और इलाके में दहशत का माहौल बन गया।
आग की लपटें तेजी से फैलती गईं और देखते ही देखते आसपास की कई औद्योगिक इकाइयों को अपनी चपेट में ले लिया। दमकल विभाग ने करीब चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, हालांकि आग पूरी तरह बुझाने के लिए देर रात तक कूलिंग की कार्रवाई जारी रही।
प्राथमिक जानकारी के अनुसार आग एथर कंपनी के केमिकल वेयरहाउस में लगी थी। वेयरहाउस में रखे केमिकल ड्रमों के लगातार फटने से स्थिति और गंभीर हो गई। धमाकों के कारण गोदाम का एक हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया और आग तेजी से आसपास की इकाइयों तक फैल गई।
आग की चपेट में आने से श्री गीता टिम्बर प्लायवुड और शक्ति प्लायवुड सहित कुल चार औद्योगिक इकाइयों में भी आग लग गई। इनमें से गीता टिम्बर प्लायवुड का गोदाम पूरी तरह जलकर राख हो गया।
फायर अधिकारियों के अनुसार आग के दौरान बॉयलर और गैस सिलेंडरों में भी जोरदार विस्फोट हुए, जिससे कंपनी की इमारत का एक हिस्सा ढह गया। आसपास के कई गोदामों के टीन शेड जल गए और धमाकों के कारण नजदीकी इमारतों के कांच भी टूट गए।
घटना की सूचना मिलते ही सूरत फायर विभाग की 20 से अधिक दमकल गाड़ियां तुरंत मौके पर पहुंच गईं। फायर फाइटर लगातार पानी की बौछार कर आग को नियंत्रित करने में जुटे रहे। केमिकल के कारण उठ रहे जहरीले धुएं से बचाव के लिए दमकलकर्मी ऑक्सीजन मास्क पहनकर राहत कार्य कर रहे थे।आसपास मौजूद लोगों ने आंखों में जलन और गले में तकलीफ की शिकायत भी की।

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा के लिहाज से करीब 1 किलोमीटर तक के क्षेत्र को कॉर्डन कर दिया। डीसीपी राजेश परमार ने बताया कि पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर मौजूद हैं और लोगों को सुरक्षित दूरी पर रखा गया है।
उन्होंने कहा कि फिलहाल किसी प्रकार की जनहानि की सूचना नहीं है, जो राहत की बात है।
आग इतनी भयानक थी कि उसका धुआं करीब 5 किलोमीटर दूर से भी साफ दिखाई दे रहा था। स्थानीय लोगों के अनुसार केमिकल के ड्रमों के फटने से जोरदार धमाके हो रहे थे और कुछ जगहों पर आग सड़क तक फैल गई थी।

घटना के समय पास में मौजूद स्थानीय नागरिक ने बताया कि आग और धमाकों का दृश्य बेहद भयावह था। उन्होंने कहा कि लगातार हो रहे धमाकों से लोगों के दिल की धड़कनें तेज हो गई थीं और आसपास के उद्योगों में काम करने वाले लोग डर के कारण बाहर निकल आए थे।
फिलहाल आग लगने के सटीक कारणों का पता नहीं चल पाया है। शुरुआती तौर पर इसे केमिकल रिएक्शन या बॉयलर ब्लास्ट से जुड़ा मामला माना जा रहा है। फायर विभाग और प्रशासन ने घटना की जांच शुरू कर दी है तथा नुकसान का आकलन किया जा रहा है।



