विकास लॉजिस्टिक पार्क मार्केट के कपड़ा व्यापारी से 14.36 लाख रुपये की धोखाधड़ी
मुंबई की मातेश्री टेक्सटाइल के व्यापारी ने दलाल के मार्फत.1.48 करोड़ रुपये का कपड़ा मंगवाया, शुरुआत में समय पर भुगतान कर जीता भरोसा, बाद में दुकान बंद कर हुआ फरार

सूरत। सारोली क्षेत्र स्थित विकास लॉजिस्टिक पार्क मार्केट की कपड़ा कंपनी “महावीर यार्न प्रा. लि.” से करोड़ों रुपये का कपड़ा खरीदने के बाद 14.36 लाख रुपये का भुगतान किए बिना फरार होने के आरोप में मुंबई की मातेश्री टेक्सटाइल के संचालक और दलाल के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। आरोपियों ने शुरुआत में समय पर भुगतान कर व्यापारी का भरोसा जीता और बाद में लाखों रुपये बकाया छोड़कर दुकान बंद कर दी।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, शिकायतकर्ता विजयकुमार कनैयालाल बोथरा, निवासी सर्वे नंबर-260/3/3, डेमिनी रोड, दादरा नगर हवेली तथा मूल निवासी मीना कुआं के पास, सरदारशहर, जिला चूरू (राजस्थान) सूरत के सारोली स्थित दुकान नंबर 5034/35, विकास लॉजिस्टिक पार्क, कुबेरजी वर्ल्ड के पीछे स्थित “महावीर यार्न प्रा. लि.” कंपनी में पिछले आठ वर्षों से फैक्ट्री हेड के रूप में कार्यरत हैं। कंपनी के डायरेक्टर सुरजकरण झूमरमल दुगड़ और उनकी पत्नी सुशीला सुरजकरण दुगड़ है। कंपनी ग्रे कपड़े का उत्पादन कर देशभर में सप्लाई करती है।
वर्ष 2021 में मुंबई दादर निवासी दलाल सुरेंद्र सुराणा ने विजयकुमार बोथरा से फोन पर संपर्क किया था। सुरेंद्र सुराणा ने खुद को मुंबई के दादर क्षेत्र में कपड़ा दलाली का काम करने वाला बताते हुए व्यापारिक मुलाकात की इच्छा जताई थी। इसके बाद वह मुंबई दादर स्थित “मातेश्री टेक्सटाइल” के संचालक फतेहसिंह को साथ लेकर सूरत की दुकान पहुंचे।
दोनों ने बड़े व्यापार और समय पर भुगतान का भरोसा दिलाकर कपड़े का कारोबार शुरू कराया। दलाल सुरेंद्र सुराणा ने अपनी दो प्रतिशत दलाली देने व सूरत के कुछ व्यापारियों के रेफरेंस भी दिए। जिससे शिकायतकर्ता का भरोसा और मजबूत हो गया।
फिर 23 अगस्त 2021 से 1 मई 2025 के बीच अलग-अलग बिलों के जरिए कुल 1,48,62,899 रुपये का पॉलिएस्टर फिनिश कपड़ा मुंबई भेजा। यह माल आरोपी फतेहसिंह की फर्म “मातेश्री टेक्सटाइल”, दुकान नंबर-03, कमल मेंशन, डॉ. आंबेडकर रोड, दादर, मुंबई (महाराष्ट्र) के पते पर सप्लाई किया गया।
लेनदेन के दौरान आरोपियों ने कुल 1,34,26,522 रुपये का भुगतान कर दिया, जबकि 14,36,377 रुपये बकाया रखे। शुरुआत में सभी भुगतान समय पर किए जाते थे, जिससे व्यापारी को विश्वास हो गया था। बाद में जब बकाया राशि की उगाही शुरू की गई तो आरोपी लगातार अलग-अलग बहाने बनाकर भुगतान टालते रहे।
शिकायत में कहा गया है कि जब शिकायतकर्ता मुंबई स्थित दुकान पर पहुंचे तो दुकान बंद मिली। आसपास पूछताछ करने पर जानकारी मिली कि अन्य व्यापारियों के भी लाखों रुपये बकाया हैं और आरोपी दुकान खाली कर फरार हो चुके हैं। इसके बाद दलाल सुरेंद्र सुराणा से संपर्क किया गया, लेकिन वह भी गोलमोल जवाब देने लगा और कोई संतोषजनक जानकारी नहीं दी।
इस मामले में आरोपी फतेहसिंह, प्रोपराइटर “मातेश्री टेक्सटाइल”, दुकान नंबर-03, कमल मेंशन, डॉ.आंबेडकर रोड, दादर मुंबई तथा दलाल सुरेंद्र सुराणा निवासी दादर मुंबई के खिलाफ पुलिस ने विश्वासघात और धोखाधड़ी समेत विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मामले की जांच पीएसआई यू.बी.मेंडपरा कर रहे है।



