काम पूरा नहीं होने तक रोकने और धमकाने के आरोप में दबंग ठेकेदार पर केस
फर्नीचर कारीगर की आत्महत्या मामले में राकेश शर्मा के खिलाफ दर्ज हुई शिकायत

मानसिक प्रताड़ना और भुगतान काटने की धमकी से परेशान होकर युवक ने लगाई थी छलांग
सूरत। पांडेसरा निवासी फर्नीचर कारीगर मांगीलाल सुथार की आत्महत्या के मामले में उमरा पुलिस ने गोडादरा निवासी राकेश ताराचंद शर्मा के खिलाफ आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने का मामला दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार मांगीलाल पर काम पूरा होने तक घर नहीं जाने देने का दबाव बनाया जा रहा था तथा भुगतान में कटौती और झूठे केस में फंसाने की धमकियां भी दी गई थीं।
जानकारी के अनुसार मूल रूप से राजस्थान के उदयपुर जिले के जशवंतगढ़ गांव के निवासी और वर्तमान में पांडेसरा के देवीदर्शन सोसायटी में रहने वाले 40 वर्षीय मांगीलाल भंवरलाल सुथार मकानों के रिनोवेशन और फर्नीचर का ठेका लेकर काम करते थे। उन्होंने सिटीलाइट स्थित नव मंगलम अपार्टमेंट के एक फ्लैट में फर्नीचर का काम लिया था, जो राकेश शर्मा का बताया गया है।
आरोप है कि राकेश शर्मा लगातार मांगीलाल पर काम जल्द पूरा करने का दबाव बना रहा था। साथ ही काम खत्म होने तक घर नहीं जाने देने, भुगतान काटने और किसी भी मामले में फंसा देने की धमकियां भी देता था। काम पूरा होने के बाद भी भुगतान को लेकर विवाद और मानसिक प्रताड़ना जारी रही।
परिजनों के अनुसार लगातार मिल रही धमकियों से मांगीलाल मानसिक रूप से परेशान और भयभीत हो गए थे। इसी तनाव के चलते 14 जून 2026 की दोपहर उन्होंने नव मंगलम अपार्टमेंट की छत से कूदकर आत्महत्या कर ली थी।
शुरुआत में उमरा पुलिस ने आकस्मिक मृत्यु का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। बाद में मृतक द्वारा अपनी पत्नी से फोन पर की गई बातचीत और अन्य तथ्यों के आधार पर उनके भाई दिनेश सुथार ने राकेश शर्मा के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 108 के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है। जांच पुलिस इंस्पेक्टर एम. जी. चौधरी कर रहे हैं।




