
सूरत।सूरत के जरी और धागा उद्योग से जुड़ी संस्था सिक्योर एम्ब्रो थ्रेड एंड जरी एसोसिएशन(SETJA) ने देशहित और ईंधन बचत को ध्यान में रखते हुए महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। हालात सामान्य होने तक हर रविवार को सूरत के जरी और धागा उद्योग से जुड़े करीब 5 हजार यूनिट और दुकानें स्वेच्छा से बंद रखने की घोषणा की गई है।
सूरत का जरी और धागा उद्योग शहर के टेक्सटाइल कारोबार का महत्वपूर्ण आधार माना जाता है। इस क्षेत्र से जुड़े हजारों यूनिट और दुकानों के कारण रोजाना बड़े पैमाने पर परिवहन और डिलीवरी में पेट्रोल-डीजल की खपत होती है। बढ़ते ईंधन उपयोग और वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए SETJA ने व्यापारिक गतिविधियों में संयम लाने की पहल शुरू की है।
संस्था ने व्यापारियों के साथ-साथ ग्राहकों और उपभोक्ताओं से भी एडवांस और एक साथ ऑर्डर देने की अपील की है। SETJA के अनुसार छोटे-छोटे ऑर्डर के कारण बार-बार डिलीवरी करनी पड़ती है, जिससे ईंधन की अनावश्यक खपत बढ़ रही है। यदि ग्राहक एक साथ ऑर्डर देंगे तो परिवहन कम होगा और पेट्रोल-डीजल की बचत संभव हो सकेगी।
SETJA के अध्यक्ष द्वारा व्यापारियों से सामाजिक जिम्मेदारी निभाने और इस अभियान को जनजागृति का रूप देने की अपील की है। सूरत के जरी और धागा उद्योग से जुड़े व्यापारी इस पहल का व्यापक समर्थन कर रहे हैं।
‘पेट्रोल-डीजल बचाओ, देश को मजबूत बनाओ’ संदेश के साथ शुरू किया गया यह अभियान केवल व्यापार तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी और राष्ट्रहित में उद्योग जगत की भागीदारी का उदाहरण बनेगा।




