
दाहोद। स्थानीय स्वराज्य संस्थाओं की चुनाव प्रक्रिया के बीच दाहोद जिले से एक बेहद चौंकाने वाली और संभवतः राज्य के इतिहास की पहली घटना सामने आई है, जिसने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी है। देवगढ़ बारिया विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत पीपेरो जिला पंचायत सीट पर एक ही व्यक्ति द्वारा भारतीय जनता पार्टी, कांग्रेस तथा आम आदमी पार्टी—तीनों दलों से नामांकन फॉर्म भरे जाने की जानकारी सामने आई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार भरतसिंह वाखला नामक व्यक्ति ने तीनों प्रमुख राजनीतिक दलों से अपनी दावेदारी प्रस्तुत की है। आश्चर्यजनक रूप से नामांकन फॉर्म के साथ तीनों दलों के मंडेट भी संलग्न किए जाने की चर्चा राजनीतिक हलकों में जोरों पर है। इस घटनाक्रम के सामने आने के बाद पूरे जिले में राजनीतिक चर्चाओं का दौर तेज हो गया है।
बताया जा रहा है कि यह क्षेत्र राज्य के मंत्री बचुभाई खाबड़ का प्रभाव क्षेत्र माना जाता है और भरतसिंह वाखला पूर्व में उनके खिलाफ विधानसभा चुनाव भी लड़ चुके हैं। वे पहले कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार के रूप में चुनाव मैदान में उतर चुके हैं। इस बार एक साथ तीन दलों से फॉर्म भरने की घटना ने राजनीतिक माहौल को और अधिक रोचक बना दिया है।
सूत्रों के अनुसार आम आदमी पार्टी द्वारा घोषित उम्मीदवारों की सूची में भरतसिंह वाखला का नाम शामिल बताया जा रहा है, जबकि भाजपा और कांग्रेस की ओर से भी उन्हें मंडेट दिए जाने की चर्चाएं चल रही हैं। अब सबसे बड़ा प्रश्न यह है कि नामांकन जांच के दिन किस दल का मंडेट वैध माना जाएगा और अंततः उनकी उम्मीदवारी किस पार्टी से बरकरार रहेगी।
उल्लेखनीय है कि भाजपा द्वारा जिला पंचायत, तालुका पंचायत तथा नगरपालिकाओं के उम्मीदवारों की सूची घोषित कर दी गई थी, जिसमें पीपेरो जिला पंचायत सीट का नाम लंबित रखा गया था। इस अनोखे घटनाक्रम को लेकर जिला भाजपा अध्यक्ष से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका, वहीं अन्य नेताओं ने भी इस मुद्दे पर चुप्पी साधे रखी।
दाहोद की राजनीति में यह अभूतपूर्व मामला अब किस दिशा में मोड़ लेता है, इस पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।



