उद्योगपतियों का अपमान करने वाले अधिकारी रोहित कंसल का तबादला
चेंबर प्रतिनिधियों को बोलने से रोकने के मामले में कार्रवाई
सूरत। दिल्ली स्थित वाणिज्य भवन में आयोजित राष्ट्रीय उद्योग परामर्श बैठक के दौरान दक्षिण गुजरात के उद्योग प्रतिनिधियों को अपनी बात रखने का पर्याप्त अवसर नहीं देने के मामले में संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उनका तत्काल प्रभाव से तबादला कर दिया गया है। बताया जा रहा है कि इस मामले को लेकर टेक्सटाइल मंत्रालय में की गई शिकायत के आधार पर यह निर्णय लिया गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार दिल्ली के वाणिज्य भवन में आयोजित बैठक में दक्षिण गुजरात के टेक्सटाइल उद्योग की स्थिति और भविष्य से जुड़े मुद्दों को प्रस्तुत करने के लिए चेंबर ऑफ कॉमर्स के पूर्व अध्यक्ष विजय मेवावाला और आशीष गुजराती खड़े हुए थे। इस दौरान टेक्सटाइल मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव रोहित कंसल ने हस्तक्षेप करते हुए उन्हें पूरी बात रखने का अवसर नहीं दिया। बताया जाता है कि उद्योग से जुड़े लगभग 12 से 13 गंभीर मुद्दों की सूची होने के बावजूद प्रतिनिधियों को केवल दो मिनट में ही रोक दिया गया तथा कथित रूप से अपमानजनक शब्दों के साथ बैठ जाने के निर्देश दिए गए।
घटना के बाद सामान्यतः ऐसे मामलों को नजरअंदाज कर दिया जाता है, लेकिन इस बार चेंबर ने कड़ा रुख अपनाते हुए मामले को टेक्सटाइल सचिव नीलम समी राव के समक्ष उठाया और उद्योगपतियों के सम्मान से समझौता नहीं करने की बात कही। शिकायत में कहा गया कि दक्षिण गुजरात के उद्योग जगत का अपमान किसी भी परिस्थिति में स्वीकार्य नहीं है।
सूत्रों के अनुसार शिकायत की गंभीरता को देखते हुए चेंबर प्रतिनिधियों को बोलने से रोकने वाले अधिकारी रोहित कंसल का तत्काल प्रभाव से तबादला कर दिया गया है। इस कार्रवाई को उद्योग जगत ने सम्मान की रक्षा के रूप में देखा है।



