
सूरत:दक्षिण गुजरात चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री तथा साउथ गुजरात चेंबर ट्रेड एंड इंडस्ट्रीज डेवलपमेंट सेंटर के संयुक्त तत्वावधान में सरसाणा स्थित सूरत इंटरनेशनल एग्ज़ीबिशन एंड कन्वेंशन सेंटर (SIECC) में आयोजित तीन दिवसीय टेक्सटाइल मशीनरी प्रदर्शनी ‘सीटेक्स – सूरत इंटरनेशनल टेक्सटाइल एक्सपो 2026’ का शनिवार को भव्य शुभारंभ हुआ। यह प्रदर्शनी 21 से 23 फरवरी 2026 तक प्रतिदिन सुबह 10 बजे से शाम 7 बजे तक आयोजित की जा रही है।
उद्घाटन समारोह उषाकांत मार्फतिया हॉल में आयोजित हुआ, जहां गुजरात चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट एवं वाडीलाल समूह के चेयरमैन राजेश गांधी ने प्रदर्शनी का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि सीटेक्स केवल टेक्सटाइल उद्योग के विकास तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे शहर के आर्थिक और औद्योगिक विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
चेंबर के अध्यक्ष निखिल मद्रासी ने बताया कि सीटेक्स प्रदर्शनी का यह 13वां संस्करण है। इस वर्ष का यह दूसरा प्रमुख औद्योगिक आयोजन है तथा अप्रैल 2026 में तीसरी प्रदर्शनी आयोजित की जाएगी। तीन दिवसीय एक्सपो में विश्वस्तरीय आधुनिक टेक्सटाइल मशीनरी का प्रदर्शन किया जा रहा है।
प्रदर्शनी की विशेषता के रूप में पहली बार चार पाना वाली हाई-स्पीड रैपियर जैकार्ड मशीन लॉन्च की गई। साथ ही हाई-स्पीड एयरजेट मशीन का लाइव डेमो, नवीन पोजिशन प्रिंटर एवं एम्ब्रॉयडरी मशीनरी तथा अत्याधुनिक सर्कुलर निटिंग मशीनों की श्रृंखला भी प्रदर्शित की गई है।
राजेश गांधी ने उद्योगकारों को संबोधित करते हुए कहा कि यूरोपियन और जापानी तकनीक आधारित मशीनरी का 80-90 प्रतिशत उत्पादन भारत में संभव है। टेक्सटाइल उद्योग में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के उपयोग से उत्पादन क्षमता, गति और गुणवत्ता में बड़ा सुधार लाया जा सकता है, जिससे निर्यात में भी वृद्धि होगी।
ऑल एग्ज़ीबिशन चेयरमैन किरण ठुम्मर ने जानकारी दी कि इस प्रदर्शनी में सूरत सहित नई दिल्ली, मुंबई, लुधियाना, अहमदाबाद, वडोदरा, कोयंबटूर, पुणे, पानीपत, भीलवाड़ा, दादरा, वलसाड सहित देशभर से कुल 110 प्रदर्शकों ने भाग लिया है।
कार्यक्रम में पूर्व अध्यक्ष विजय मेवावाला, मानद मंत्री बिजल जरीवाला, मानद कोषाध्यक्ष सीए मितिश मोदी, सीटेक्स चेयरमैन सुरेश पटेल सहित अनेक उद्योगपति एवं उद्यमी उपस्थित रहे। आयोजकों के अनुसार यह एक्सपो टेक्सटाइल उद्योग में नई तकनीक और नवाचार को बढ़ावा देने का महत्वपूर्ण मंच साबित होगा।



