अंतरराष्ट्रीय नर्स दिवस पर नई सिविल अस्पताल में भव्य कार्यक्रम आयोजित
पुलिस कमिश्नर अनुपमसिंह गहलोत की अध्यक्षता में नर्सों का सम्मान, सेवा और समर्पण को बताया प्रेरणादायी

सूरत। अंतरराष्ट्रीय नर्स दिवस के अवसर पर मंगलवार को नई सिविल अस्पताल के ऑडिटोरियम में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता पुलिस कमिश्नर अनुपमसिंह गहलोत ने की। इस दौरान दो से तीन दशकों तक सेवाएं देने के बाद सेवानिवृत्त हुई नर्सों का सम्मान किया गया।
कार्यक्रम में विभिन्न वक्ताओं ने समाज में नर्सों की महत्वपूर्ण भूमिका पर विचार व्यक्त किए। पुलिस कमिश्नर अनुपमसिंह गहलोत ने कहा कि नर्स सेवा, अनुशासन और समर्पण का उत्कृष्ट उदाहरण हैं। वे मरीजों की निस्वार्थ सेवा कर निराशा को आशा में बदलने का कार्य करती हैं। उन्होंने कहा कि नर्सें केवल शारीरिक ही नहीं बल्कि मानसिक रूप से भी मरीजों को संबल प्रदान करती हैं।
उन्होंने नर्सों को उनकी उत्कृष्ट सेवाओं के लिए बधाई देते हुए मरीजों के प्रति हमेशा संयम, संवेदनशीलता और मुस्कान के साथ सकारात्मक व्यवहार बनाए रखने का आग्रह किया।
इस अवसर पर गुजरात की पूर्व हेल्थ डायरेक्टर डॉ. विकासबेन देसाई ने “व्यवहार में परिवर्तन” विषय पर संबोधन देते हुए कहा कि मरीजों के प्रति नर्सों का व्यवहार और संवेदनशीलता उपचार प्रक्रिया का महत्वपूर्ण हिस्सा है। उन्होंने विशेष रूप से सरकारी अस्पतालों में आने वाले आर्थिक, मानसिक और शारीरिक परेशानियों से जूझ रहे मरीजों के प्रति सहानुभूतिपूर्ण व्यवहार अपनाने पर जोर दिया।
सॉफ्ट स्किल ट्रेनर प्रियांकाबेन ने नर्सों को कठिन परिस्थितियों में भी विनम्रता बनाए रखने तथा रिएक्टिव के बजाय रिस्पॉन्सिव व्यवहार अपनाने की सलाह दी।
कार्यक्रम में नई सिविल अस्पताल की सुपरिटेंडेंट धारीत्री परमार, आरएमओ डॉ. केतन नायक, नर्सिंग सुपरिटेंडेंट नीरजाबेन पटेल, नर्सिंग काउंसिल के उपाध्यक्ष इकबाल कड़ीवाला, प्लास्टिक सर्जन डॉ. निलेश काछड़िया, नर्सिंग कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. इंद्रावती राव सहित बड़ी संख्या में हेड नर्स, स्टाफ नर्स और नर्सिंग छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।



