आचार्य भिक्षु के 301वें जन्मोत्सव पर तेरापंथी सभा पर्वत पाटिया में तीन दिवसीय कार्यक्रम का शुभारंभ
साध्वी श्री मधुबाला जी ठाणा-5 के सानिध्य में बोधि दिवस, चातुर्मास प्रारंभ एवं तेरापंथ स्थापना दिवस श्रद्धापूर्वक मनाया गया

सूरत। तेरापंथी सभा पर्वत पाटिया द्वारा शासन श्री साध्वी श्री मधुबाला जी ठाणा-5 के सानिध्य में भिक्षु सभागार में तीन दिवसीय धार्मिक कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में आचार्य भिक्षु के 301वें जन्मोत्सव, बोधि दिवस, चातुर्मास प्रारंभ एवं तेरापंथ स्थापना दिवस श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ साध्वी श्री मधुबाला जी द्वारा नमस्कार महामंत्र के उच्चारण से हुआ। इसके बाद साध्वी वृंद ने भक्तामर स्तोत्र का सामूहिक पाठ एवं विभिन्न मंत्रोच्चार के साथ आध्यात्मिक वातावरण का निर्माण किया। बोधि दिवस के अवसर पर साध्वी वृंद ने आचार्य भिक्षु के जीवन एवं व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला तथा चातुर्मासिक पक्की पर हाजरी वाचन किया। 
तेरापंथ स्थापना दिवस पर साध्वी वृंद ने संवाद शैली में प्रभावशाली प्रस्तुति देते हुए तेरापंथ की कुंडली, उसकी स्थापना, आदर्शों एवं विशिष्टताओं को सुंदर ढंग से प्रस्तुत किया। इस अवसर पर शासन श्री साध्वी श्री मधुबाला जी ने अपने प्रवचन में आचार्य भिक्षु के आदर्श जीवन, त्याग, अनुशासन एवं धर्म साधना की प्रेरक विशेषताओं पर प्रकाश डालते हुए उपस्थित श्रद्धालुओं को धर्ममय जीवन अपनाने का संदेश दिया।
सभा अध्यक्ष संजय बोहरा ने श्रावक निष्ठा पत्र का वाचन किया। वहीं महिला मंडल अध्यक्ष सुमन बैद ने महिला मंडल द्वारा आयोजित मासिक ‘संबोधि मंथन’ प्रतियोगिता की जानकारी देते हुए संबोधि पुस्तक एवं उत्तर पुस्तिका के बारे में विस्तार से बताया तथा अधिक से अधिक श्रावक-श्राविकाओं से प्रतियोगिता में भाग लेने का आह्वान किया।
कार्यक्रम का समापन साध्वी श्री मधुबाला जी के मंगल पाठ के साथ हुआ। इस अवसर पर बड़ी संख्या में तेरापंथ समाज के श्रद्धालु उपस्थित रहे।




