
सूरत। उधारी में माल खरीदने के बाद भुगतान नहीं करने और सुरक्षा के तौर पर दिया गया 7.17 लाख रुपये का चेक बाउंस होने के मामले में अदालत ने एक व्यापारी को दोषी ठहराते हुए एक वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही चेक की राशि ब्याज सहित शिकायतकर्ता को अदा करने का आदेश भी दिया गया है।
मामले के अनुसार, पलसाणा रोड स्थित तातीथैया-जोलवा क्षेत्र में रघुकुल टेक्स प्रिंट्स नाम से कारोबार करने वाले व्यापारी मूलसिंह कल्याणसिंह का व्यावसायिक संबंध सूरत के रिंग रोड स्थित अभिनंदन टेक्सटाइल मार्केट में व्यापार करने वाले अल्पेश हरजीभाई वघासिया से था। मूलसिंह की फर्म में डाइंग एवं प्रिंटिंग का कार्य किया जाता था।
व्यापारिक लेन-देन के दौरान अल्पेश ने मूलसिंह से करीब 20.43 लाख रुपये का माल खरीदा था। इसमें से कुछ राशि का भुगतान कर दिया गया, लेकिन लगभग 18.45 लाख रुपये बकाया रह गया। बार-बार मांग करने के बावजूद भुगतान नहीं किए जाने पर अल्पेश ने सुरक्षा के रूप में एक चेक दिया, जो बैंक में जमा कराने पर अनादृत (बाउंस) हो गया।
इसके बाद मूलसिंह ने अधिवक्ता विनय शुक्ला के माध्यम से अदालत में चेक बाउंस की शिकायत दर्ज कराई। सुनवाई के दौरान अदालत ने आरोपों को प्रमाणित मानते हुए अल्पेश वघासिया को दोषी करार दिया और एक वर्ष के कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 7.17 लाख रुपये की चेक राशि ब्याज सहित शिकायतकर्ता को चुकाने का आदेश दिया।




