
सूरत सूरत हॉर्स सोसायटी तथा गुजरात राज्य पशुपालन विभाग के सहयोग से आयोजित 7वें ताप्ती अश्व शो–2026 का भव्य शुभारंभ अडाजण स्थित केबल ब्रिज रिवरफ्रंट पर किया गया। यह चार दिवसीय अश्व शो 30 जनवरी से 2 फरवरी तक आयोजित हो रहा है, जिसे सूरत की जनता के लिए खुला रखा गया है। उद्घाटन अवसर पर बड़ी संख्या में नागरिकों और अश्वप्रेमियों की उपस्थिति रही।
इस अवसर पर गुजरात सरकार के कृषि एवं पशुपालन मंत्री जीतुभाई वाघाणी, सूरत के महापौर दक्षेश मावाणी, पुलिस आयुक्त अनुपमसिंह गहलोत, विधायक प्रवीणभाई घोघारी सहित पशुपालन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
मंत्री जीतुभाई वाघाणी ने कहा कि अश्व हमारे शौर्य और शुभता के प्रतीक हैं। इस अश्व शो का मुख्य उद्देश्य भारतीय मूल की अश्व नस्लों—मारवाड़ी, काठियावाड़ी और सिंधी—का संरक्षण एवं संवर्धन करना है। उन्होंने बताया कि नई पीढ़ी को भारत की समृद्ध अश्व संस्कृति से जोड़ने के लिए ऐसे आयोजनों की महत्वपूर्ण भूमिका है। राज्य सरकार अश्व संस्कृति के पुनर्जीवन के लिए प्रतिबद्ध है और आगामी बजट में राज्य में हर वर्ष तीन अश्व शो के आयोजन की विशेष व्यवस्था की गई है। साथ ही, विभिन्न नस्लों के लिए ब्रीडिंग सेंटर्स स्थापित करने की दिशा में भी सरकार प्रयासरत है।इस अश्व शो में अब तक 70 से अधिक घोड़ों का पंजीकरण हो चुका है, जबकि 2 फरवरी तक 250 से अधिक उत्कृष्ट अश्व भाग लेंगे। शो के दौरान टेंट पेगिंग, बैरल रेस, गरो लेवो, संगीत कुर्सी और हॉर्स डांस जैसी रोमांचक प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी।सूरत सहित सौराष्ट्र, कच्छ, उत्तर गुजरात, राजस्थान, पंजाब, हरियाणा और महाराष्ट्र से आए अश्व और अश्वप्रेमी इस आयोजन को विशेष बना रहे हैं। भारतीय नस्लों की सुंदरता, चाल और शारीरिक सौष्ठव दर्शकों के लिए प्रमुख आकर्षण बना हुआ है।




