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“बजट पढ़ा नहीं या समझा नहीं?”

सूरत में स्मृति ईरानी का राहुल गांधी पर सीधा वार, बजट को बताया ‘विकसित भारत की नींव’

सूरत.पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने सूरत दौरे के दौरान केंद्र सरकार के ताज़ा बजट को लेकर विपक्ष पर तीखा हमला बोला। भाजपा कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने बजट को देश की आर्थिक ताकत बढ़ाने वाला और भविष्य की ज़रूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया दस्तावेज़ बताया।

पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने सूरत दौरे के दौरान केंद्र सरकार के ताज़ा बजट को लेकर विपक्ष पर तीखा हमला बोला। भाजपा कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने बजट को देश की आर्थिक ताकत बढ़ाने वाला और भविष्य की ज़रूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया दस्तावेज़ बताया।

राहुल गांधी द्वारा बजट पर उठाए गए सवालों पर पलटवार करते हुए स्मृति ईरानी ने कहा कि “या तो उन्होंने बजट ध्यान से सुना नहीं है या फिर पढ़ा नहीं है। अगर पढ़ा होता तो ग्रामीण और कारीगर वर्ग के लिए की गई व्यवस्थाएं उन्हें साफ दिखाई देतीं।”


MSME, टेक्सटाइल और बायो-फार्मा: सूरत के लिए मौके ही मौके
बजट से उद्योग, रोजगार और भरोसे को मिली नई दिशा
स्मृति ईरानी ने कहा कि यह बजट सूरत जैसे औद्योगिक शहरों के लिए बेहद अहम है। MSME सेक्टर को मजबूत करने के लिए बजट में ठोस प्रावधान किए गए हैं, जिससे स्थानीय उद्योगों में उत्साह का माहौल है।
उन्होंने बताया कि बायो-फार्मा सेक्टर के लिए 10,000 करोड़ रुपये का प्रावधान स्वास्थ्य सुरक्षा के साथ-साथ रिसर्च और मैन्युफैक्चरिंग को नई ऊंचाई देगा। वहीं इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग पर सरकार के फोकस से रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा घोषित टेक्सटाइल पार्क को लेकर उन्होंने कहा कि इससे सूरत के कपड़ा उद्योग में व्यापार की नई संभावनाएं खुलेंगी और वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी।
“यह आंकड़ों का बजट नहीं, इरादों का बजट है”
जन-धन से इन्फ्रास्ट्रक्चर तक, आम आदमी केंद्र में
स्मृति ईरानी ने कहा कि 11 साल पहले शुरू हुई जन-धन योजना ने करोड़ों लोगों को बैंकिंग व्यवस्था से जोड़ा और गरीबों के खातों में 2,000 करोड़ रुपये से अधिक की बचत संभव हुई।
उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि इंफ्रास्ट्रक्चर में बढ़ता निवेश सीधे तौर पर मध्यम वर्ग और गरीब परिवारों को आर्थिक मजबूती देता है।
“यह बजट सिर्फ संख्याओं की गणना नहीं, बल्कि कर्तव्य पथ पर चलती सरकार द्वारा ‘विकसित भारत’ के संकल्प को साकार करने की दिशा में उठाया गया ठोस कदम है।”
उद्योग जगत की मुहर, सूरत से 25 साल का रिश्ता
व्यापारियों से लेकर इंफ्लुएंसर्स तक, बजट को मिला समर्थन
इस अवसर पर चेंबर ऑफ कॉमर्स और दक्षिण गुजरात टेक्सटाइल प्रोसेसर्स एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बजट की सराहना करते हुए कहा कि इससे सूरत और दक्षिण गुजरात के उद्योगों को नई रफ्तार मिलेगी।
अपने संबोधन में स्मृति ईरानी ने सूरत से अपने 25 साल पुराने रिश्ते का ज़िक्र करते हुए कहा कि उन्होंने यहां ज़मीनी स्तर पर संगठन का काम किया है।
उन्होंने सुझाव दिया कि सूरत को GIC और फार्मा हब के रूप में विकसित करने की दिशा में भी ठोस प्रयास होने चाहिए।कार्यक्रम के बाद उन्होंने सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स के साथ संवाद कर उनकी भूमिका और जिम्मेदारियों पर भी विस्तार से चर्चा की।

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