श्री खेतेश्वर पैदल यात्रा संघ की 115वीं पदयात्रा सम्पन्न

सूरत। श्री खेतेश्वर पैदल यात्रा संघ द्वारा आयोजित 115वीं पैदल यात्रा आज वैशाख मास के पावन अवसर पर श्रद्धा और भक्ति के साथ सम्पन्न हुई। यात्रा का शुभारंभ निर्धारित स्थल से हुआ जो भजन कीर्तन, जयघोष और देशभक्ति नारों के साथ मंदिर प्रांगण पहुंचकर संपन्न हुई। मंदिर में आरती, हवन एवं विशेष पूजा-अर्चना का आयोजन किया गया।
इस बार यात्रा के लाभार्थी जगदीशसिंह (पुत्र श्री मिश्रीमलजी साकरणा) एवं मयूरसिंह रहे। इनका स्वागत अर्जुनसिंह मोरखा, दलवीरसिंह दुदोड़, जबरसिंह इंद्राणा, नरपतसिंह नोसरा एवं तोगेन्द्रसिंह इंद्राणा द्वारा किया गया।
यात्रा की विशेषता इस बार मातृशक्ति की सक्रिय भागीदारी रही। हाल ही में पहलगाम (कश्मीर) में हुई आतंकी घटना, जिसमें आतंकवादियों द्वारा माताओं का सिंदूर मिटाने का प्रयास किया गया, उसकी प्रतिक्रिया में भारतीय सेना द्वारा चलाए गए “ऑपरेशन सिंदूर” की वीरता को सम्मानित करते हुए माताओं ने तिरंगा लेकर यात्रा में जोशपूर्वक भाग लिया। “नारी तू नारायणी” के उद्घोष के साथ सभी ने समाज की समृद्धि एवं सुरक्षा की प्रार्थना की।
यात्रा संयोजक महेंद्रसिंह राजपुरोहित ने समापन पर उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि आज के वैश्विक युग में संगठन बनाए रखना बड़ी चुनौती है। यदि समाज आपसी मतभेद भुलाकर एक साथ चलने का संकल्प ले, तो अधिकांश समस्याएं स्वतः समाप्त हो सकती हैं। उन्होंने सामाजिक जागृति और एकता के निरंतर प्रयासों पर बल दिया।
अंत में श्री अर्जुनसिंह मोरखा ने यात्रा में पधारे समस्त भक्तों, सहयोगियों एवं मातृशक्ति का आभार प्रकट किया।



