
सूरत। रिंग रोड स्थित राधाकृष्ण मार्केट की रजनी फैब फर्म में काम करने वाले अकाउंटेंट ने महिला पार्टनर के पहले से हस्ताक्षरित चेकों का दुरुपयोग कर करीब 1.23 करोड़ रुपये का गबन कर लिया। इस मामले में सलाबतपुरा पुलिस ने आरोपी अकाउंटेंट को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, पर्वत पाटिया स्थित सनराइज टाउनशिप में रहने वाले कैलाश महावीरप्रसाद अग्रवाल रिंग रोड स्थित राधाकृष्ण मार्केट में रजनी फैब नाम से कपड़े का व्यापार करते हैं। उनकी फर्म में बलराम गोदारा अकाउंटेंट के रूप में काम करता था। फर्म के दैनिक लेन-देन के लिए महिला पार्टनर रजनी और सरोजबेन गृहिणी होने के कारण चेकों पर पहले से हस्ताक्षर करवा लिए जाते थे।
इसी का फायदा उठाते हुए अकाउंटेंट बलराम गोदारा ने जय अंबे टेक्सटाइल के व्यापारी हंसराज शर्मा (दुकान नं. 3068, न्यू पशुपति टेक्सटाइल मार्केट, मोटी बेगमवाड़ी, सूरत) और कृष्णा टेक्सटाइल के व्यापारी श्रवणराम (दुकान नं. 5058, न्यू पशुपति टेक्सटाइल मार्केट, मोटी बेगमवाड़ी) के साथ मिलकर साजिश रची। तीनों ने मिलकर फर्म के खातों में फर्जी व्यावसायिक लेन-देन दर्शाकर कुल 1,23,88,701 रुपये अपने खातों में जमा करवा लिए।
जब पूरी हकीकत सामने आई तो कैलाश अग्रवाल ने 23 जनवरी 2026 को सलाबतपुरा पुलिस थाने में अकाउंटेंट बलराम गोदारा और उसके दोनों सहयोगी व्यापारियों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 316(4), 318(4), 338, 336(3), 340(2), 61(2), 3(5) तथा आईटी एक्ट की धारा 66(C) और 66(D) के तहत मामला दर्ज किया है। जांच के दौरान पुलिस इंस्पेक्टर के.डी. जाडेजा ने तीन आरोपियों में से अकाउंटेंट बलराम भंवरलाल गोदारा (उम्र 32 वर्ष, निवासी फ्लैट नं. A-3/203, शांतनु रेसिडेंसी, गोडादरा, सूरत, मूल निवासी वॉर्ड नं. 04, शेरूना, बीकानेर, राजस्थान) को गिरफ्तार कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।




