इको सेल को मिली बड़ी सफलता
करोड़ों की ठगी मामले में गोयल दंपती समेत चार आरोपी गिरफ्तार

मेटल स्क्रैप के नाम पर आरोपियों ने व्यापारी से की थी 4.90 करोड़ रुपये की ठगी
सूरत पुलिस की इको सेल क्राइम ब्रांच ने मेटल स्क्रैप व्यापार के बहाने की गई करोड़ों की ठगी का पर्दाफाश किया है। इस मामले में पुलिस ने ‘भारती फैशन प्राइवेट लिमिटेड’ की कंपनी के डायरेक्टर और संचालक समेत चार ठगों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने मिलकर शहर के एक व्यापारी से करोड़ों का माल लेने के बाद उसे ना तो माल वापस दिया और ना ही उसका पेमेंट लौटाया था।
पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक़ 4.90 करोड़ की ठगी के मामले में इको सेल की टीम ने शहर के सिटीलाइट क्षेत्र में स्थित आशीर्वद रेसीडेंसी निवासी चार आरोपियों गोविंदगोपाल सत्यनारायण गोयल, सत्यनारायण गिरधारीलाल गोयल, रंजना गोयल
और रीमा गोयल को गिरफ्तार किया। इस समग्र मामले के बारे में शिकायतकर्ता विनीत नवनीत शराफ, जो ‘एस.डी. फैशन’ फर्म का संचालक है, जुलाई-2025 से आरोपियों के संपर्क में था। आरोपियों में सत्यनारायण गोयल, रंजना गोयल, रीमा गोयल और गोविंद गोपाल गोयल हैं, जो ‘भारती फैशन प्राइवेट लिमिटेड’ के डायरेक्टर हैं। उन्होंने शुरुआत में छोटे पैमाने पर मेटल स्क्रैप का व्यापार करके शिकायतकर्ता का विश्वास जीत लिया। शुरुआती डील में समय पर सामान डिलीवर करके आरोपियों ने शिकायतकर्ता को यह विश्वास दिलाया कि वे बड़े पैमाने पर इम्पोर्ट-एक्सपोर्ट का बिज़नेस कर रहे हैं। जब शिकायतकर्ता का भरोसा पूरी तरह से जीत लिया तो आरोपियों ने अपना असली रंग दिखाया। अक्टूबर और दिसंबर 2025 के बीच किए गए अलग अलग सेल्स कॉन्ट्रैक्ट के अनुसार, शिकायतकर्ता ने बड़ी मात्रा में मेटल स्क्रैप का ऑर्डर दिया था। आरोपियों को इस डील के लिए कुल 4,90,83,617 रुपये एडवांस के तौर
पर मिले थे। बैंक अकाउंट में करोड़ों रुपये जमा होने के बाद, आरोपियों ने माल की डिलीवरी नहीं दी। शिकायतकर्ता विनीत शराफ को लंबे समय तक स्क्रैप का सामान नहीं मिला और उसने बार-बार मांग की। लेकिन आरोपी हर बार नए बहाने बनाते रहे। कभी शिपमेंट में देरी होती थी तो कभी कस्टम क्लियरेंस की दिक्कतें कहकर शिकायतकर्ता को गुमराह किया। आखिर में, जब न तो सामान मिला और न ही एडवांस की रकम वापस मिली, तब शिकायतकर्ता को एहसास हुआ कि उसके साथ धोखाधड़ी हुई है। उसने पुलिस का दरवाजा खटखटाया। इस पूरे मामले में विनीत नवनीत शराफ ने वेसू पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। आर्थिक अपराध की गंभीरता को देखते हुए इस मामले की जांच सूरत इको सेल को सौंपी गई। जांच के दौरान इको सेल ने कार्रवाई तेज कर दी। इको सेल टीम ने टेक्निकल सर्विलांस और मुखबिरों के आधार पर जांच की और फिर इन चारों आरोपियों को पकड़ कर आगे की जाँच शुरू की है।




