
**रेपियर जैकार्ड वीवर्स एसोसिएशन की बैठक के बाद कारखानेदारों का फैसला
शनिवार–रविवार पूर्ण उत्पादन बंद**
सूरत। सूरत के वणाट (वीविंग) उद्योग में ग्रे और फिनिश्ड कपड़े के अत्यधिक उत्पादन के चलते बाजार में गंभीर असंतुलन की स्थिति पैदा हो गई है। मांग के अभाव में भी दिन-रात लूम्स चलने से कपड़े की कीमतें लागत से नीचे आ गई हैं, जिससे उद्योग को भारी नुकसान की आशंका जताई जा रही है। इसी ओवरप्रोडक्शन पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से सचिन GIDC के पीछे स्थित डायमंड पार्क इंडस्ट्रियल सोसायटी के कारखानेदारों ने दो दिन का स्वैच्छिक उत्पादन बंद रखने का निर्णय लिया है।
डायमंड पार्क इंडस्ट्रियल सोसायटी में 200 से अधिक हाई-स्पीड लूम्स वाले कारखानों में ग्रे और फिनिश्ड कपड़े का उत्पादन होता है। वीविंग कारखानेदारों ने जागरूकता दिखाते हुवे ओवरप्रोडक्शन को नियंत्रित करने के लिए सामूहिक कदम उठाने का निर्णय लिया।
27 और 28 दिसंबर को 48 घंटे पूर्ण बंद
रेपियर जैकार्ड वीवर्स एसोसिएशन की बैठक के बाद कारखानेदारों को सूचित किया गया कि शनिवार और रविवार, 27 व 28 दिसंबर, दोनों दिन डायमंड पार्क के सभी कारखाने पूरी तरह बंद रहेंगे। इस दौरान किसी भी प्रकार का ग्रे या फिनिश्ड कपड़े का उत्पादन नहीं किया जाएगा। इसका उद्देश्य बाजार में डिमांड और सप्लाई के बीच संतुलन बनाना है।
सभी कारखानेदारों का सहयोग
डायमंड पार्क के सभी कारखानेदारों ने इस दो दिवसीय उत्पादन कट में पूर्ण सहयोग देने की घोषणा की है। इसके साथ ही जानकारी मिली है कि सूरत के अन्य औद्योगिक क्षेत्रों में स्थित वीविंग कारखानों में भी ओवरप्रोडक्शन से बचने के लिए इसी तरह के उत्पादन कट पर विचार हेतु बैठकों का दौर जारी है।
उद्योगकारों का मानना है कि यदि समय रहते उत्पादन पर नियंत्रण नहीं किया गया, तो कपड़ा उद्योग को लंबे समय तक आर्थिक नुकसान झेलना पड़ सकता है। इसलिए यह निर्णय उद्योग हित में उठाया गया एक आवश्यक और सामूहिक कदम माना जा रहा है।




