शिव रेसिडेंसी में चैत्र मास की नवपद ओळी की आराधना भक्ति भाव से जारी, छोटे बच्चे भी आयंबिल में हुए शामिल

सूरत। श्री शालीभद्र अभिनंदनस्वामी श्वेताम्बर मूर्तिपूजक जैन संघ (शिव रेसिडेंसी) में चैत्र मास की नवपद की शाश्वती ओळी की आराधना अत्यंत भक्ति भाव और उत्साह के साथ जारी है। भीषण गर्मी के बावजूद संघ के श्रावक-श्राविकाएं तथा छोटे-छोटे बच्चे भी आयंबिल और तप आराधना में उत्साहपूर्वक भाग ले रहे हैं, जो धर्म के प्रति गहरी आस्था और समर्पण का प्रतीक है। छोटे बच्चों की सक्रिय भागीदारी से पूरे आयोजन का वातावरण और भी प्रेरणादायी बन गया है, जिसके लिए संघ द्वारा सभी आराधकों को हार्दिक अनुमोदना दी गई।
यह पावन आराधना परम् पूज्य दीक्षा दानेश्वरी आचार्य भगवंत श्री गुणरत्नसूरीश्वरजी महाराज के शिष्यरत्न पूज्य आचार्य भगवंत श्री रश्मिरत्नसूरीश्वरजी महाराज के शिष्यरत्न पन्यास प्रवर्तक हर्षरत्नविजय म.सा. के आशीर्वाद से तथा ठाणा गच्छाधिपति प.पू. आचार्य भगवंत श्री यशोवर्मसूरीजी महाराज की आज्ञा से प.पू. साध्वी श्री विनीतमालाश्रीजी की शिष्या विदुषी प.पू. साध्वी श्री विपुलमालाश्रीजी म.सा. (बेन म.सा.) की शुभ निश्रा में आयोजित की जा रही है।
नवपद ओळी का प्रारंभ विक्रम संवत 2082, चैत्र सुद 7, दिनांक 25 मार्च 2026 (बुधवार) से हुआ, जबकि 31 मार्च 2026, मंगलवार को भगवान महावीर स्वामी जन्म कल्याणक श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया जाएगा। ओळी की पूर्णाहुति विक्रम संवत 2082, चैत्र सुद 15, दिनांक 2 अप्रैल 2026 (गुरुवार) को होगी तथा पारणा विक्रम संवत 2082, चैत्र वद 1, दिनांक 3 अप्रैल 2026 (शुक्रवार) को आयोजित किया जाएगा।
पूरे आयोजन के दौरान नवपद आराधना, आयंबिल, पूजा-पाठ और विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। संघ के सदस्यों ने कहा कि बढ़ती गर्मी के बावजूद बड़ी संख्या में श्रद्धालु आराधना में भाग ले रहे हैं, जो धर्म के प्रति उनकी निष्ठा को दर्शाता है।
इस पावन आराधना के लाभार्थी परिवारों में जॉलीबेन-सलीलकुमार (लाइट वाले) परिवार तथा मित-निमेषभाई दमणिया (दर्शनम पापड़) परिवार शामिल हैं, जिन्होंने इस आयोजन में विशेष योगदान दिया।
श्री शालीभद्र अभिनंदनस्वामी श्वेताम्बर मूर्तिपूजक जैन संघ (शिव रेसिडेंसी) द्वारा आयोजित इस धार्मिक आराधना में प्रतिदिन श्रद्धालुओं की उपस्थिति बढ़ रही है और पूरा वातावरण भक्ति, तप और आध्यात्मिक ऊर्जा से ओतप्रोत बना हुआ है।




