
सूरत। केंद्र सरकार द्वारा पेट्रोल और डीजल पर विशेष एक्साइज ड्यूटी में की गई कटौती का व्यापारिक संगठनों ने स्वागत किया है। कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) के राष्ट्रीय महामंत्री एवं सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने कहा कि इस निर्णय का सबसे बड़ा सकारात्मक प्रभाव लॉजिस्टिक लागत पर पड़ेगा। पेट्रोल और डीजल की कीमतों में स्थिरता आने से परिवहन खर्च नियंत्रित रहेगा, जिससे वस्तुओं की ढुलाई लागत में वृद्धि पर अंकुश लगेगा और बाजार में कीमतों के अनावश्यक बढ़ने पर रोक लगेगी। उन्होंने कहा कि इससे देश के करोड़ों उपभोक्ताओं को सीधा लाभ मिलेगा और आवश्यक वस्तुओं की कीमतें संतुलित बनी रहेंगी।
प्रवीण खंडेलवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अंतरराष्ट्रीय संकट के समय लिया गया यह निर्णय जनता को राहत देने वाला सराहनीय एवं जनहितकारी कदम है, जिससे व्यापार और उपभोक्ताओं दोनों को लाभ मिलेगा।
वहीं कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) टेक्सटाइल गारमेंट कमेटी के राष्ट्रीय चेयरमैन चम्पालाल बोथरा ने भी इस निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि पेट्रोल-डीजल पर एक्साइज कटौती से कपड़ा बाजार सहित सभी आवश्यक वस्तुओं—रोटी, कपड़ा और मकान—पर महंगाई का दबाव कम होगा। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा पेट्रोल पर विशेष एक्साइज ड्यूटी को 13 रुपये से घटाकर 3 रुपये प्रति लीटर तथा डीजल पर 10 रुपये से घटाकर शून्य करना उपभोक्ताओं के लिए बड़ी राहत है।
बोथरा ने कहा कि इस निर्णय से परिवहन और व्यापार क्षेत्र को मजबूती मिलेगी तथा आपूर्ति श्रृंखला सुचारु बनी रहेगी। उन्होंने कहा कि देश का व्यापारिक समुदाय इस फैसले का पूर्ण समर्थन करता है और यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि सरकार द्वारा दी गई इस राहत का लाभ अंतिम उपभोक्ता तक पहुंचे।



