वरिष्ठ नागरिक प्रोफेसर डॉ भूपालचंद्र (खींवसरा) मेहता का मरणोपरांत देहदान

जोधपुर।जोधपुर के वरिष्ठ नागरिक, शिक्षाविद् एवं समाजसेवी प्रोफेसर (डॉ.) भूपालचंद्र खींवसरा (मेहता) का मरणोपरांत देहदान कर मानवता की सेवा का अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत किया गया।
अखिल भारतीय तेरापंथ युवक परिषद के नेत्रदान राष्ट्रीय प्रभारी कैलाश जैन ने जानकारी देते हुए बताया कि स्व. प्रो. डॉ. भूपालचंद्र खींवसरा (मेहता) का आज अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, जोधपुर में देहदान किया गया। उनका रविवार देर रात्रि निधन हो गया था।
परिवारजनों ने सामाजिक कार्यकर्ता अनिल नाहटा से संपर्क कर परिजनों की सहमति से उनके पार्थिव शरीर को एम्स जोधपुर के एनाटॉमी विभाग को चिकित्सा शिक्षा एवं शोध कार्य हेतु समर्पित किया। उनके दामाद प्रवीण जैन ने बताया कि स्व. भूपालचंद्र जी जीवन भर मानवता एवं समाजसेवा के लिए समर्पित रहे।
मोक्ष यात्रा उनके निवास आशापूर्णा एंक्लेव कॉलोनी, पाल बायपास रोड से रवाना होकर एम्स अस्पताल पहुँची, जहाँ चिकित्सकों की देखरेख में देहदान की प्रक्रिया पूर्ण की गई। एम्स अस्पताल के एनाटॉमी विभाग की डॉ. सोनाली सोनोने के अनुसार यह इस वर्ष का 15वां तथा अब तक का 201वां देहदान है।
इस अवसर पर उनकी पुत्रियाँ ममता, दिव्या, क्रांति, दामाद सुनील सिसोदिया, प्रवीण जैन, विकास कपूर, अन्य परिजन एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। स्व. भूपालचंद्र जी का यह निर्णय समाज के लिए प्रेरणास्रोत




