जयपुर नगर निगम का डेलीगेशन सुरत महानगरपालिका के दौरे पर
कमान्ड-कंट्रोल सेंटर में स्मार्ट गवर्नेंस का प्रेज़ेंटेशन

सूरत। सुरत महानगरपालिका में राजस्थान सरकार के लोक स्वराज विभाग एवं जयपुर नगर निगम के 11 सदस्यों का उच्चस्तरीय डेलीगेशन पहुंचा। डेलीगेशन का नेतृत्व जयपुर नगर निगम के आयुक्त श्री गौरव सैनी (आईएएस) कर रहे थे। इस अवसर पर सुरत महानगरपालिका की ओर से डिप्टी कमिश्नर श्रीमती निधि सिवाच (आईएएस) एवं श्रीमती स्वाति पी. देसाई की अध्यक्षता में इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (आइसीसीसी) में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
बैठक में सुरत महानगरपालिका के विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे और सुरत की स्मार्ट प्रशासनिक प्रणाली, तकनीकी ढांचा एवं शहर विकास से संबंधित विस्तृत प्रेज़ेंटेशन दिया।
प्रॉपर्टी टैक्स विभाग द्वारा वेराबिल सिस्टम से जुड़ी विस्तृत जानकारी, आकलन पद्धति एवं यूजर चार्जेस (पानी, सफाई, ड्रेनेज, फायर चार्ज, स्ट्रीट लाइट) सहित सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा की गई।
ई-गवर्नेंस में सुरत की अग्रणी पहल
जीआईएस एवं रिमोट सेंसिंग टेक्नोलॉजी के उपयोग संबंधी विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। सुरत द्वारा विकसित GIS पोर्टल में उपलब्ध 200 से अधिक लेयर्स, टाउन प्लानिंग, प्रॉपर्टी टैक्स, इंफ्रास्ट्रक्चर तथा प्रोजेक्ट मैनेजमेंट सिस्टम (PMS) की कार्यक्षमता प्रस्तुत की गई। इस प्रस्तुति से डेटा-आधारित निर्णय एवं स्मार्ट गवर्नेंस की अनूठी झलक देखने को मिली।
PPP मॉडल पर आवास पुनर्विकास की सफल पहल
अलथाण-भटार, डुंभाल, गोटलावाड़ी एवं मंदरवाज़ा टेनामेंट प्रोजेक्ट के पहले एवं बाद के वीडियो प्रस्तुत किए गए। साथ ही वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट, सोलर-विंड पावर प्रोजेक्ट, इलेक्ट्रिक बस चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर, इंटेक वेल एवं ड्राई-वेस्ट प्रोसेसिंग प्लांट सहित 200 करोड़ रुपये के म्युनिसिपल ग्रीन बॉन्ड के उपयोग की जानकारी भी दी गई।
राजस्थान प्रतिनिधिमंडल सुरत के इस नवाचारमूलक मॉडल से प्रभावित हुआ।
कल होगा विस्तृत प्रस्तुतीकरण
अगले दिन स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत सुरत द्वारा किए जा रहे कार्यों, टाउन प्लानिंग विभाग द्वारा Value Capture Financing – Incremental Contribution मॉडल तथा टाउन डेवलपमेंट विभाग द्वारा Building Use Permission पर विस्तृत प्रेज़ेंटेशन दिया जाएगा।
सुरत और जयपुर के बीच यह अनुभव-विनिमय दोनों शहरों को स्मार्ट प्रशासन एवं शहरी विकास के नए आयाम प्रदान करेगा।




