क्राइमलोकल न्यूज़सूरत सिटी

लोन दिलाने के नाम पर लाखों की ठगी, सूरत-मुंबई गिरोह पर अंबाला में हुई एफआईआर — सूरत से कपड़ा व्यापारी गिरफ्तार

12 साल के कारोबारी भरोसे का फायदा उठाकर विदेशी बैंक लोन का झांसा, फर्जी दस्तावेज और धमकी का आरोप

सूरत/अंबाला सिटी। लोन दिलाने के नाम पर लाखों रुपये की ठगी के मामले में अंबाला सिटी थाना पुलिस ने सूरत और मुंबई से जुड़े चार आरोपियों के खिलाफ दर्ज वर्ष 2022 की FIR में बड़ी कार्रवाई करते हुए सूरत के कपड़ा व्यापारी संजीव तनेजा को सूरत जिला सत्र न्यायालय परिचय से निकलते गिरफ्तार कर लिया। पुलिस आरोपी को पकड़कर अंबाला सिटी ले गई है।
शिकायतकर्ता मुकेश कुमार अलघ पुत्र स्व. सतीश कुमार, निवासी 5569 सब्जी मंडी अंबाला शहर, “सनी फैशन” नाम से कपड़ा व्यापार करते हैं और सूरत की “देशराज एंड संस” फर्म के साथ पिछले 12 वर्षों से कारोबारी संबंध थे। मुकेश के अनुसार, सूरत निवासी संजीव तनेजा ने उन्हें अपने दोस्त नवरतन शर्मा को विदेशी बैंक अधिकारी बताते हुए बिना प्रॉपर्टी के बड़ी राशि का लोन दिलाने का भरोसा दिया और 3 प्रतिशत एडवांस मांगा।
विश्वास में आकर शिकायतकर्ता ने 29 जुलाई 2021 को 1.50 लाख रुपये और 9 अगस्त 2021 को 43 हजार रुपये नवरतन शर्मा के खाते में ट्रांसफर किए। इसके अलावा 1.50 लाख रुपये रामदेव कॉटन के खाते में जमा कराए गए, जिसे संजीव तनेजा का करीबी बताया गया।
इसके बाद अमोल नैरकर, जिसे यस बैंक मुंबई का अधिकारी बताया गया, अंबाला पहुंचा और 5 करोड़ 72 लाख रुपये का लोन दिलाने का भरोसा दिया। आरोप है कि लोन प्रोसेसिंग के नाम पर 1.5 प्रतिशत फीस व 18 प्रतिशत GST जोड़कर 10,12,440 रुपये भी NEFT के माध्यम से जमा करवाए गए। आरोपियों ने जीरकपुर स्थित होटल में ठहरकर 50 हजार से 1 लाख रुपये तक अतिरिक्त खर्च भी लिए।
लोन नहीं मिलने पर आरोपियों ने फर्जी बैंक दस्तावेज, SWIFT कोड और स्क्रीनशॉट भेजकर भरोसा दिलाया। बाद में पैसे वापस मांगने पर आरोपियों ने फोन उठाना बंद कर दिया और संपर्क करने पर गाली-गलौज व जान से मारने की धमकी दी। शिकायतकर्ता ने कॉल रिकॉर्डिंग, बैंक ट्रांजैक्शन और अन्य दस्तावेज पुलिस को सौंपे।
अंबाला पुलिस ने मुकेश अलघ की शिकायत पर संजीव तनेजा (सूरत), नवरतन शर्मा (नवी मुंबई), अमोल नैरकर (सूरत) और नवरतन शर्मा की माता के खिलाफ धोखाधड़ी, आपराधिक षड्यंत्र, विश्वासघात और धमकी की धाराओं में मामला दर्ज कर जांच आर्थिक अपराध शाखा को सौंपी थी। अब मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के बाद मामले में आगे की कार्रवाई तेज कर दी गई है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button